सिंगापुर से हरियाणा के लिए 5,500 करोड़ के निवेश प्रस्ताव, बढ़ेंगे रोजगार के अवसर

सिंगापुर से हरियाणा के लिए 5,500 करोड़ के निवेश प्रस्ताव, बढ़ेंगे रोजगार के अवसर

चंडीगढ़: वैश्विक निवेश मानचित्र पर हरियाणा की पहचान को और मजबूत करने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी की सिंगापुर यात्रा महत्वपूर्ण उपलब्धियों के साथ संपन्न हुई। इस यात्रा के दौरान, विभिन्न कंपनियों और संस्थानों ने हरियाणा में लगभग 5,500 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों के लिए समझौता ज्ञापनों (एमओयू) पर हस्ताक्षर करने पर सहमति व्यक्त की। इन निवेश प्रस्तावों से न केवल राज्य में औद्योगिक विकास को गति मिलेगी, बल्कि आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं, जल प्रबंधन, शिक्षा, कौशल विकास और नए रोजगार के अवसरों के सृजन को भी बढ़ावा मिलेगा।

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि सिंगापुर यात्रा ‘विकसित हरियाणा-विकसित भारत’ के संकल्प को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। हरियाणा में वैश्विक निवेशकों की बढ़ती रुचि इस बात का प्रमाण है कि राज्य निवेश, नवाचार और उद्योग के लिए एक विश्वसनीय और आकर्षक गंतव्य के रूप में तेजी से उभर रहा है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार निवेशकों को पारदर्शी शासन, बेहतर कनेक्टिविटी, मजबूत बुनियादी ढांचा, कुशल मानव संसाधन और अनुकूल कारोबारी माहौल उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। सरकार का उद्देश्य केवल निवेश आकर्षित करना ही नहीं है, बल्कि यह सुनिश्चित करना भी है कि निवेश समयबद्ध तरीके से हो और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सृजित हों।

स्वास्थ्य एवं कल्याण क्षेत्र में 3,000 करोड़ रुपये का निवेश

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी की सिंगापुर यात्रा के दौरान स्वास्थ्य एवं कल्याण क्षेत्र में लगभग 3,000 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों पर सहमति बनी। इन प्रस्तावित निवेशों से हरियाणा में अत्याधुनिक अस्पतालों, स्वास्थ्य केंद्रों, कल्याण सुविधाओं, चिकित्सा अनुसंधान और स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में आधुनिक प्रौद्योगिकियों के विस्तार को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि एक स्वस्थ समाज ही विकसित समाज की नींव है। राज्य सरकार प्रत्येक नागरिक को गुणवत्तापूर्ण, सुलभ और आधुनिक स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के लिए निरंतर प्रयासरत है। स्वास्थ्य एवं कल्याण क्षेत्र में निवेश से न केवल स्वास्थ्य सुविधाएं मजबूत होंगी बल्कि चिकित्सा क्षेत्र में रोजगार, कौशल विकास और नई तकनीकों को अपनाने के अवसर भी सृजित होंगे।

जल उपचार एवं प्रबंधन में 1,500 करोड़ रुपये के निवेश का प्रस्ताव

सिंगापुर की उन्नत जल प्रबंधन प्रौद्योगिकियों को देखते हुए, निवेशकों ने हरियाणा में जल उपचार और प्रबंधन के क्षेत्र में भी गहरी रुचि दिखाई है। इस क्षेत्र में लगभग 1,500 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों पर सहमति बन चुकी है।

इन निवेशों से आधुनिक जल शोधन संयंत्रों, सीवेज उपचार, औद्योगिक जल प्रबंधन, जल पुनर्चक्रण और स्मार्ट जल प्रबंधन प्रणालियों के विकास को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। इससे शहरी और औद्योगिक क्षेत्रों में जल संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित करने के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण को भी मजबूती मिलेगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जल सुरक्षा भविष्य की सबसे बड़ी प्राथमिकताओं में से एक है। हरियाणा सरकार जल संरक्षण, संवर्धन और वैज्ञानिक प्रबंधन के लिए आधुनिक प्रौद्योगिकियों को अपनाने पर विशेष जोर दे रही है। सिंगापुर की विशेषज्ञता और हरियाणा की आवश्यकताओं के बीच सहयोग से जल प्रबंधन के क्षेत्र में नई संभावनाएं खुलेंगी।

शिक्षा और कौशल विकास में 1,000 करोड़ रुपये के निवेश पर सहमति बनी

शिक्षा क्षेत्र में लगभग 1,000 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों पर भी सहमति बन गई है। इससे आधुनिक शिक्षण संस्थानों, कौशल विकास केंद्रों, तकनीकी शिक्षा, डिजिटल शिक्षा और रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण सुविधाओं के विस्तार में तेजी आने की उम्मीद है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित हरियाणा की सबसे बड़ी ताकत उसके युवा और कुशल मानव संसाधन होंगे। सिंगापुर की उन्नत शिक्षा प्रणाली, तकनीकी विशेषज्ञता और कौशल आधारित प्रशिक्षण से हरियाणा के छात्रों और युवाओं को व्यापक लाभ मिल सकते हैं।

उन्होंने कहा कि सरकार युवाओं को केवल डिग्री ही नहीं, बल्कि कौशल, तकनीकी दक्षता और रोजगार एवं उद्यमिता के अधिक अवसर प्रदान करने पर विशेष जोर दे रही है। इससे हरियाणा के युवाओं को न केवल राष्ट्रीय स्तर पर बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी बेहतर अवसर प्राप्त होंगे।

हरियाणा निवेशकों के लिए एक विश्वसनीय गंतव्य के रूप में उभर रहा है: मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा सरकार ने निवेश को बढ़ावा देने के लिए नीतिगत सुधारों, बेहतर बुनियादी ढांचे और अनुकूल कारोबारी माहौल सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया है। सरकार परियोजना की स्थापना से लेकर उसके संचालन तक, हर चरण में निवेशकों को आवश्यक सहायता और सुविधाएं प्रदान करने के लिए प्रयासरत है।

उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) से हरियाणा की निकटता, मजबूत सड़क और रेल संपर्क, विकसित औद्योगिक आधार, कुशल मानव संसाधन और देश के प्रमुख औद्योगिक और ऑटोमोबाइल केंद्रों में इसकी स्थिति राज्य की प्रमुख शक्तियों में से हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार इन क्षमताओं का प्रभावी ढंग से उपयोग करते हुए हरियाणा को देश के अग्रणी निवेश, उद्योग और नवाचार केंद्रों में से एक के रूप में विकसित कर रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत विकसित भारत के संकल्प को साकार करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। इस राष्ट्रीय यात्रा में हरियाणा एक महत्वपूर्ण भागीदार के रूप में अहम भूमिका निभा रहा है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश को आत्मनिर्भर, समृद्ध और विकसित बनाने के लिए व्यापक कार्य किए जा रहे हैं। हरियाणा सरकार भी ‘विकसित भारत-विकसित हरियाणा’ के लक्ष्य को केंद्र में रखकर राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने, युवाओं को रोजगार प्रदान करने और नागरिकों को बेहतर सुविधाएं सुनिश्चित करने के लिए निरंतर प्रयासरत है।

मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि सिंगापुर से प्राप्त निवेश प्रस्तावों को एक बार लागू किए जाने के बाद, वे हजारों नए रोजगार के अवसर पैदा करेंगे, आधुनिक प्रौद्योगिकियों के विस्तार को सुगम बनाएंगे, स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार करेंगे, जल प्रबंधन में नई प्रौद्योगिकियों के उपयोग को बढ़ावा देंगे और शिक्षा और कौशल विकास में नए अवसर पैदा करेंगे।

उन्होंने कहा कि इन निवेश प्रस्तावों को वास्तविक परियोजनाओं में बदलने के लिए संबंधित विभागों के समन्वय से आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि निवेश केवल कागजों तक सीमित न रहे, बल्कि इसका प्रत्यक्ष लाभ हरियाणा के युवाओं, उद्योगों और आम नागरिकों तक पहुंचे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सिंगापुर के साथ बढ़ते सहयोग से हरियाणा को वैश्विक निवेश और तकनीकी सहयोग के नए द्वार खोलने में मदद मिलेगी। स्वास्थ्य एवं कल्याण, जल उपचार एवं प्रबंधन तथा शिक्षा जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में प्रस्तावित निवेश राज्य के सामाजिक और आर्थिक विकास को नई गति प्रदान करेंगे और हरियाणा को देश के लिए विकास के आधुनिक मॉडल के रूप में स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।