उत्तराखंड को देश का श्रेष्ठ राज्य बनाना हमारा संकल्प, विपक्ष के आरोपों का तथ्यों से देंगे जवाब: सीएम धामी

उत्तराखंड को देश का श्रेष्ठ राज्य बनाना हमारा संकल्प, विपक्ष के आरोपों का तथ्यों से देंगे जवाब: सीएम धामी

काशीपुर। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड को देश का श्रेष्ठ राज्य बनाना सरकार का ‘विकल्प रहित संकल्प’ है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में प्रदेश विकास, सुशासन और जनकल्याण के क्षेत्र में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचाना और जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करना है।

मुख्यमंत्री बुधवार को काशीपुर में आयोजित भाजपा के विधानसभा प्रभारी वर्ग एवं विस्तारक योजना वर्ग के समापन सत्र को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री (संगठन) बीएल संतोष, प्रदेश सह प्रभारी अरविंद मेनन और बांसुरी स्वराज तथा प्रदेश महामंत्री (संगठन) फणींद्रनाथ शर्मा समेत पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहे।

यूसीसी और नकल विरोधी कानून को बताया अहम निर्णय

मुख्यमंत्री धामी ने अपने संबोधन में राज्य सरकार के प्रमुख फैसलों का उल्लेख करते हुए कहा कि उत्तराखंड में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू करने, सख्त नकल विरोधी कानून बनाने, धर्मांतरण के विरुद्ध कानूनी प्रावधान मजबूत करने और अवैध अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई जैसे कदम उठाए गए हैं।

उन्होंने कहा कि इन फैसलों का उद्देश्य कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करना, पारदर्शिता बढ़ाना और नागरिकों के अधिकारों की रक्षा करना है। मुख्यमंत्री ने युवाओं के रोजगार, महिला सशक्तीकरण, किसानों की आय और पूर्व सैनिकों के कल्याण को भी सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल बताया।

सड़क, स्वास्थ्य और शिक्षा पर जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की भौगोलिक परिस्थितियां अन्य राज्यों से अलग हैं। पर्वतीय और मैदानी क्षेत्रों की जरूरतें भी अलग-अलग हैं। ऐसे में स्थानीय आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर विकास योजनाएं तैयार करना जरूरी है।

उन्होंने कहा कि सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यटन और सीमांत क्षेत्रों के विकास पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। सरकार का प्रयास है कि विकास योजनाओं का लाभ दूरस्थ और सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाले लोगों तक भी पहुंचे।

धामी ने कहा कि सुशासन का अर्थ केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उनका लाभ प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक पहुंचाना है। इसके लिए प्रशासन की जवाबदेही और जनसमस्याओं का समयबद्ध निस्तारण आवश्यक है।

राहुल गांधी की टिप्पणी पर जताई आपत्ति

मुख्यमंत्री ने विपक्ष की ओर से उठाए जा रहे मुद्दों पर कहा कि लोकतंत्र में तथ्यों और प्रमाणों के आधार पर संवाद होना चाहिए। राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल को लेकर राहुल गांधी की टिप्पणियों पर आपत्ति जताते हुए उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे संवेदनशील विषयों पर जिम्मेदारी के साथ चर्चा की जानी चाहिए।

उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया जनसंवाद का महत्वपूर्ण माध्यम बन चुका है। इसके जरिए सरकार की योजनाओं, विकास कार्यों और जनहित से जुड़े फैसलों की जानकारी लोगों तक पहुंचाई जानी चाहिए। किसी भी भ्रामक सूचना का जवाब तथ्यों, प्रमाणों और संयमित भाषा में देना जरूरी है।

संगठनात्मक मजबूती पर भी मंथन

भाजपा के विधानसभा प्रभारी वर्ग एवं विस्तारक योजना वर्ग के विभिन्न सत्रों में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने संगठनात्मक कार्यों, जनसंपर्क और आगामी गतिविधियों को लेकर मार्गदर्शन दिया। समापन सत्र में मुख्यमंत्री ने विकास योजनाओं और सरकार की प्राथमिकताओं का उल्लेख करते हुए प्रदेश को आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता दोहराई।

उन्होंने कहा कि सरकार उत्तराखंड की सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण, विकास कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प के अनुरूप उत्तराखंड को देश का श्रेष्ठ राज्य बनाना सरकार का लक्ष्य है।